रुद्रपुर सिटीRUDRAPUR CITY

कानूनी सहायता

Legal help

पहले मुफ़्त कानूनी सहायता, फिर आसान गाइड, अदालतों के पते और अधिवक्ताओं की सूची। यह जानकारी है, कानूनी सलाह नहीं।

मुफ़्त कानूनी सहायताFree legal aid

कानून के तहत कई लोगों को मुफ़्त वकील, कोर्ट फीस और कागज़ी काम में मदद का हक़ है। यह मदद जिला न्यायालय परिसर में DLSA देता है; तहसील स्तर पर तालुक विधिक सेवा समितियां हैं (किच्छा, काशीपुर, खटीमा, बाजपुर, सितारगंज, जसपुर)।

जिला विधिक सेवा प्राधिकरण (DLSA), ऊधम सिंह नगर
पता: जिला न्यायालय परिसर, रुद्रपुर (ऊधम सिंह नगर) · Google Maps पर देखें
dlsausnagar@gmail.com

किसे मिलती है

  • अनुसूचित जाति या अनुसूचित जनजाति के सदस्य
  • मानव तस्करी या बेगार के शिकार
  • महिला या बच्चा
  • मानसिक रूप से बीमार या दिव्यांग व्यक्ति
  • बड़ी आपदा, जातीय हिंसा, जातिगत अत्याचार, बाढ़, सूखा, भूकंप या औद्योगिक आपदा के शिकार
  • औद्योगिक कामगार
  • हिरासत में रखे गए लोग (जेल, संरक्षण गृह, मानसिक अस्पताल)
  • पूर्व सैनिक
  • ट्रांसजेंडर समुदाय के व्यक्ति
  • वरिष्ठ नागरिक
  • HIV/AIDS से पीड़ित व्यक्ति
  • जिनकी सालाना आय सभी स्रोतों से 3 लाख रुपये से कम है

ऊपर की पहली 11 श्रेणियों के लिए आय की कोई सीमा नहीं है।

कैसे मिलती है

  • जिला न्यायालय परिसर, रुद्रपुर में DLSA के फ्रंट ऑफ़िस जाएं, या 15100 पर कॉल करें।
  • सादे कागज़ पर आवेदन दें: नाम, पता, मामला क्या है, और किस श्रेणी में मुफ़्त सहायता चाहिए।
  • पहचान पत्र और (आय के आधार पर आवेदन हो तो) आय का प्रमाण या शपथ पत्र साथ रखें।
  • NALSA के पोर्टल पर ऑनलाइन आवेदन भी किया जा सकता है।
  • प्राधिकरण को मामला वाजिब लगे तो पैनल का अधिवक्ता मुफ़्त दिया जाता है; टेली-लॉ के ज़रिए कॉमन सर्विस सेंटर से वीडियो पर सलाह भी मिलती है।

ऑनलाइन आवेदन (NALSA) (नई विंडो में खुलेगा)scourtapp.nic.inDLSA ऊधम सिंह नगर (नई विंडो में खुलेगा)uttarakhand.nalsa.gov.inकौन पात्र है (उत्तराखंड SLSA) (नई विंडो में खुलेगा)uttarakhand.nalsa.gov.inटेली-लॉ: CSC से कानूनी सलाह (नई विंडो में खुलेगा)tele-law.inराष्ट्रीय विधिक सेवा प्राधिकरण (NALSA) (नई विंडो में खुलेगा)nalsa.gov.in

स्रोत: uttarakhand.nalsa.gov.in

मुफ़्त कानूनी सहायता की पूरी गाइड →

आसान गाइडGuides

कदम-दर-कदम: क्या करें, क्या साथ ले जाएं, आधिकारिक लिंक कौन से हैं।

FIR कैसे दर्ज कराएं (ज़ीरो FIR, ई-FIR)संज्ञेय अपराध (चोरी, मारपीट, धोखाधड़ी, दुर्घटना) की सूचना पर पुलिस को FIR दर्ज करनी होती है। FIR किसी भी थाने में लिखाई जा सकती है (ज़ीरो FIR) और उसकी कॉपी मुफ़्त मिलती है।RTI: सरकारी दफ़्तर से जानकारी कैसे मांगेंसूचना का अधिकार अधिनियम 2005 के तहत कोई भी नागरिक किसी सरकारी विभाग से जानकारी मांग सकता है। जवाब 30 दिन में देना होता है; जान या आज़ादी से जुड़े मामले में 48 घंटे में।उपभोक्ता शिकायत: खराब सामान या सेवाखराब सामान, गलत बिल, सेवा में कमी या धोखे पर उपभोक्ता संरक्षण अधिनियम 2019 के तहत जिला उपभोक्ता आयोग में शिकायत की जा सकती है। 50 लाख रुपये तक के दावे जिला आयोग, 2 करोड़ तक राज्य आयोग में। बिना वकील के भी शिकायत हो सकती है।चेक बाउंस: नोटिस और समय-सीमापैसे न होने से चेक लौटे तो परक्राम्य लिखत अधिनियम की धारा 138 के तहत आपराधिक शिकायत हो सकती है, पर समय-सीमाएं सख्त हैं: 30 दिन में नोटिस, 15 दिन का मौका, फिर एक महीने में शिकायत।मुफ़्त कानूनी सहायता कैसे लेंमहिलाएं, बच्चे, अनुसूचित जाति-जनजाति, दिव्यांग, वरिष्ठ नागरिक, औद्योगिक कामगार, हिरासत में रखे लोग और 3 लाख रुपये से कम सालाना आय वाले लोग मुफ़्त वकील के हक़दार हैं। मदद जिला विधिक सेवा प्राधिकरण (DLSA), जिला न्यायालय परिसर रुद्रपुर से मिलती है।किराया और ज़मीन-जायदाद: बुनियादी बातेंलिखित समझौता, किराए की रसीद और पुलिस में किरायेदार सत्यापन: तीन चीज़ें ज़्यादातर विवाद रोक देती हैं। ज़मीन खरीदने से पहले खतौनी और रजिस्ट्री की जांच करें।सड़क दुर्घटना: मुआवज़े का दावा (MACT)सड़क दुर्घटना में मौत या चोट पर मोटर वाहन अधिनियम की धारा 166 के तहत मोटर दुर्घटना दावा अधिकरण (MACT) में मुआवज़े का दावा होता है। दावा दुर्घटना के छह महीने के भीतर दायर करें। अज्ञात वाहन (हिट एंड रन) के लिए सरकार की अलग मुआवज़ा योजना है।घरेलू हिंसा और भरण-पोषणघरेलू हिंसा अधिनियम 2005 के तहत महिला को संरक्षण, घर में रहने का अधिकार और खर्च दिलाने के आदेश मिल सकते हैं। पत्नी, बच्चे और माता-पिता भरण-पोषण का दावा पारिवारिक न्यायालय में कर सकते हैं। महिलाओं को मुफ़्त कानूनी सहायता का हक़ है।दस्तावेज़ खो गए: क्या करेंआधार, पैन, ड्राइविंग लाइसेंस, मार्कशीट या पासबुक खो जाए तो पहले पुलिस में गुमशुदगी की सूचना दर्ज कराएं (उसकी रसीद डुप्लीकेट के लिए चाहिए), फिर जारी करने वाली संस्था से डुप्लीकेट मांगें। डिजीलॉकर से कई दस्तावेज़ तुरंत मिल जाते हैं।शपथ पत्र और नोटरीशपथ पत्र (एफ़िडेविट) एक लिखित बयान है जिस पर आप शपथ लेकर हस्ताक्षर करते हैं; नोटरी उस पर सत्यापन की मुहर लगाते हैं। नोटरी की फीस नोटरी नियमावली में तय है और उसकी सूची दफ़्तर में लगी होनी चाहिए।

लोक अदालत और कानूनी शिविरCourt calendar

अगले 90 दिनों में कोई लोक अदालत या शिविर दर्ज नहीं है

तारीख़ आते ही यहां दिखेगी। कोई शिविर पता हो तो हमें भेजें।

इवेंट भेजें

अदालतें और पतेCourts

जिला एवं सत्र न्यायालय, ऊधम सिंह नगर (रुद्रपुर)जिला न्यायालय परिसर, रुद्रपुरफ़ोन मुख्य न्यायिक मजिस्ट्रेट (वेब सूचना प्रबंधक) कार्यालय का है। केस की स्थिति, कॉज़ लिस्ट और आदेश ई-कोर्ट्स पर। DLSA और स्थायी लोक अदालत इसी परिसर में। Google Maps पर देखें जिला न्यायालय की वेबसाइट (ई-कोर्ट्स) केस की स्थिति (ई-कोर्ट्स सेवाएं) न्यायाधीशों की सूचीस्रोत: usnagar.dcourts.gov.in
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पारिवारिक न्यायालय, रुद्रपुरजिला न्यायालय परिसर, रुद्रपुरप्रधान न्यायाधीश, पारिवारिक न्यायालय ऊधम सिंह नगर रुद्रपुर में बैठते हैं; काशीपुर और खटीमा में भी पारिवारिक न्यायालय हैं। तलाक, भरण-पोषण, बच्चों की कस्टडी के मामले। Google Maps पर देखें न्यायाधीशों की सूची (ई-कोर्ट्स) केस की स्थिति (ई-कोर्ट्स सेवाएं)
जिला उपभोक्ता विवाद प्रतितोष आयोग, ऊधम सिंह नगर50 लाख रुपये तक के उपभोक्ता दावे जिला आयोग में। शिकायत ऑनलाइन ई-जागृति पोर्टल पर भी दर्ज होती है; पहले राष्ट्रीय उपभोक्ता हेल्पलाइन 1915 पर बात करें। Google Maps पर देखें ई-जागृति: ऑनलाइन उपभोक्ता शिकायत राष्ट्रीय उपभोक्ता हेल्पलाइन 1915
उत्तराखंड उच्च न्यायालय, नैनीतालउच्च न्यायालय परिसर, नैनीताल 263002फ़ोन उच्च न्यायालय की हेल्पलाइन है। उच्च न्यायालय विधिक सेवा समिति और राज्य विधिक सेवा प्राधिकरण (ADR सेंटर) इसी परिसर में। Google Maps पर देखें उच्च न्यायालय की वेबसाइट उच्च न्यायालय में मुफ़्त कानूनी सहायता उत्तराखंड राज्य विधिक सेवा प्राधिकरण
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अधिवक्ताAdvocates

सूची में अभी कोई अधिवक्ता नहीं है।

यह सूची वर्णानुक्रम में है; यह किसी की सिफ़ारिश नहीं है।

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ज़रूरी बात

यह सामान्य जानकारी है, कानूनी सलाह नहीं। हर मामला अलग होता है; ज़रूरी हो तो अधिवक्ता या जिला विधिक सेवा प्राधिकरण (मुफ़्त, 15100) से बात करें। रुद्रपुर सिटी किसी अधिवक्ता की सिफ़ारिश नहीं करता।

कोई लिंक, पता या नंबर गलत है? यह पेज 18 सितंबर 2026 को जांचा गया।

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